बस्तर : इस पुलिस अफसर का ट्रांसफर रदद कराने हजारों लोग सड़कों पर उतरे, 10 किलोमीटर पैदल चलकर मिलने पहुंचे ग्रामीण

सुकमा. बस्तर जिले के दोरनापाल में ढाई साल का कार्यभार बतौर एसडीओपी सम्भाल चुके विवेक शुक्ला ने कार्यमुक्त होने के पहले उन ग्रामीणों की बैठक ली जिन्हें तेंदमून्ता बस्तर अभियान के तहत ढाई सालों से  जागरूक करने प्रयासरत रहे।

तेदमुंता बस्तर अभियान के तहत मंगलवार को पोलमपल्ली में अंदरूनी इलाको के ग्रामीणों की बैठक हुई इस बैठक के जरिये एसडीओपी विवेक शुक्ला ने अंतिम बार  ग्रामीणों से मिलने की इच्छा जताई तो ग्रामीण 10 किमी से पैदल मिलने पहुंच गए साथ ही वहां शुक्ला ने दोरनापाल के नए एसडीओपी अखिलेश कौशिक से भी ग्रामीणों को परिचित करवाया।

ग्रामीणों को जब यह सूचना मिली कि विवेक शुक्ला कार्यमुक्त होने से पहले ग्रामीणों से मिलना चाहते हैं तो ग्रामीण सभी काम पीछे छोड़ मिलने पहुंचे क्योंकि इस अभियान से ग्रामीणों और पुलिस के बीच एक अलग और बेहतर रिश्ता काम करने का प्रयास शुक्ला द्वारा किया गया है ।
                           
गौरतलब है कि शान्ति,पुलिस व ग्रामीणों के बेहतर रिश्ते,विश्वास और जागरूकता के लिए लगभग 3 साल पहले दोरनापाल एसडीओपी द्वारा  पुलिस महानिरीक्षक विवेकानंद सिन्हा,  पुलिस अधीक्षक  जितेन्द्र शुक्ल, अतरिक्त पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा के मार्गदर्शन में तेंदमुन्ता बस्तर (जागता बस्तर) नाम से अभियान चलाया गया था जो काफी हद तक कारगर साबित रहा । इस बीच विवेक शुक्ला ने अलग अलग इलाकों में 100 से अधिक बैठक ले चुके हैं । ग्रामीणों से विश्वास व लगाव देख नवपदस्थ एसडीओपी अखिलेश ने भी खुशी जताई और अभियान को और बेहतर ऊर्जा के साथ चलाने का वादा किया।
 
बतौर एसडीओपी पूरे दो साल के कार्यकाल में विवेक शुक्ला ने न केवल एक जिम्मेदार अफसर की भूमिका निभाई बल्कि नक्सल प्रभावित गांवों में अभियान चलाते हुए ग्रामीणों से भी परिवार की तरह लगाव बन गया श्री शुक्ला ने बताया जब हमने गांव में यह संदेश भिजवाया कि दोरनापाल से कार्यमुक्त होने के पूर्व मैं सभी ग्रामीणों से मिलना चाहता हु तो पालामड़गु, कोर्रापाड, कांकेरलंका, गोडेलगुड़ा, पुसवाड़ा, चिकपल्ली, रंगाइगुड़ा एवम उपमपल्ली जैसे 10 किमी तक क्षेत्र के सभी ग्रामीण माओवादियों के डर के बावजूद भी बैठक में सम्मिलित होने स्वस्फूर्त आये । जिससे हमें काफी प्रसन्नता एवम आत्मिक संतुष्टि प्राप्त हुई । इससे एक दिन पूर्व ग्राम बोदिगुड़ा में टेट्राई, मेड़वाही, आरगट्टा के ग्रामीणों की भी बैठक कार्यमुक्त होने से पूर्व  ली गयी ।
 

Tags

बस्तर जिले दोरनापाल विवेक शुक्ला तेंदूपत्ता

Related Articles

More News