बस्तर, सरगुजा और जशपुर से आई आदिवासी नर्सिंग छात्राओं ने रेंगकर मांगी छात्रवृत्ति और नौकरी

रायपुर. बस्तर, सरगुजा और जशपुर से आई नर्सिंग की 15-20 छात्राओं ने सोमवार को अनूठे रेंगने के प्रदर्शन के माध्यम से लंबित छात्रवृत्ति देने और यूरोपीयन कमीशन से किए गए करार के अनुसार स्टाफ नर्स की नौकरी देने की मांग की। प्रदर्शन का नेतृत्व माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी और भारत की जनवादी नौजवान सभा ने किया। इन दोनों संगठनों के कई कार्यकर्ता भी इन छात्रों के साथ रेंगने में शामिल रहे। प्रदर्शन का नेतृत्व माकपा राज्य सचिव संजय पराते, जनौस राज्य संयोजक प्रशांत झा, नर्सिंग छात्रा लक्ष्मी राणा, पत्रकार रितेश पांडे ने किया।

प्रदर्शन के दौरान नर्सिंग छात्राओं ने कलेक्टोरेट परिसर से घुटनों के बल रेंगना शुरू किया। उनके घड़ी चौक पहुंचने पर यातायात कुछ देर के लिए बाधित हो गया। मुख्यमंत्री निवास तक जाने की जिद पर अड़ी प्रदर्शनकारियों को आधे रास्ते समझा-बुझाकर रोका गया।

प्रशासन को सौंपे गए ज्ञापन में नर्सों ने छात्रवृत्ति और नौकरी देने के मांग के साथ ही निजी कॉलेजों की अनाप-शनाप फीस पर रोक लगाने और सरकारी कॉलेजों में पढ़ रही छात्राओं को छात्रावास राशि देने की मांग की है। उनकी यह भी मांग है कि जिन छात्राओं ने पढ़ाई छोड़ दी है, उन्हें पुन: नर्सिंग प्रशिक्षण में प्रवेश दिया जाए, क्योंकि कमीशन द्वारा उनके लिए दिए गए पैसे सरकार के पास रखे हुए हैं।

प्रदर्शनकारियों की मांग पर प्रशासन ने सरकार को मांग उनकी मांग से अवगत कराने का आश्वासन दिया है।

Tags

बस्तर सरगुजा जशपुर नर्सिंग छात्रवृत्ति स्टाफ नर्स की नौकरी

Related Articles

More News