छत्तीसगढ़

ASI ने फांसी लगाकर की खुदकुशी: बाइक सवारों को टक्कर मारने के मामले में हुआ था लाइन अटैच

दुर्ग जिले में कुछ दिन पहले छावनी थाने से लाइन अटैच हुए ASI फारूक शेख (40 वर्ष) ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। ASI ने सुसाइड क्यों किया इसके पीछे अलग-अलग कारण बताए जा रहे हैं। मदर्स डे के दिन ASI फारूक ने बाइक सवार चार लड़कों को अपनी कार से टक्कर मार दी थी। इस मामले की जांच के दौरान ASI को लाइन अटैच कर दिया गया था।

यह भी कहा जा रहा है कि फारूक का पारिवारिक विवाद भी चल रहा था। इससे वह तीन चार दिनों से घर नहीं जा रहा था और पावर हाउस स्थित सुविधा लाज में ही रह रहा था। इसी लाज में शनिवार को फंदे पर लटकी उसकी लाश मिली।

एएसपी सिटी संजय ध्रुव ने बताया कि एएसआई फारूक शेख छावनी थाने में पदस्थ था। वह दुर्ग पुलिस लाइन में अपने परिवार के साथ रहता था। फारूक कुछ दिन से मानसिक रूप से काफी परेशान रहता था। वह अक्सर सुविधा लाज में रुकता था और घर भी नहीं जाता था। वह पिछले तीन चार दिनों से सुविधा लाज में ही रह रहा था।

सुबह छावनी पुलिस को सूचना मिली की उसने लॉज के कमरे में गमछे के सहारे पंखे के हुक से फांसी लगा ली है। पुलिस मौके पर पहुंची, पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पीएम के लिए भेज दिया है। जांच के दौरान घटना स्थल से कोई भी सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

न्यू पुलिस लाइन में दो बाइक सवारों को मारी थी टक्कर

जानकारी के मुताबिक बीती 8 मई की रात 9 बजे न्यू पुलिस लाइन दुर्ग में एक तेज रफ्तार कार ने दो बाइक में सवार चार युवकों को अपनी चपेट में ले लिया था। इस सड़क दुर्घटना में उत्कल नगर निवासी आकाश तांडी (24 वर्ष) की मौत हो गई। वह अपनी मां के लिए मदर्स डे और पत्नी के लिए बर्थ डे केक लेकर दोस्तों के साथ घर लौट रहा था। इस हादसे में आकाश के तीन दोस्त बबलू नाग, दिनेश महानंद और रमेश लोहा बुरी तरह घायल हो गए। घायलों के बयान पर पाया गया कि जिस कार ने उन्हें टक्कर मारी थी, वह एएसआई फारूक शेख की थी। वह बिना घायलों को बचाए उन्हें मरता छोड़ वहां से भाग गया था। जांच में नाम आने पर एसपी ने उसे लाइन अटैच किया था, जिससे भी वह काफी परेशान था।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button