
रायपुर। ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा और पेमेंट गेट-वे पैनल संचालित करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने रायपुर और गोवा से कुल 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई एण्टी क्राइम एंड साइबर यूनिट और थाना न्यू राजेन्द्र नगर की संयुक्त टीम ने की। पूरे ऑपरेशन की मॉनिटरिंग पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला और पुलिस उपायुक्त (वेस्ट जोन) संदीप पटेल द्वारा की जा रही थी।
ऐसे चलता था सट्टा नेटवर्क
पुलिस के मुताबिक आरोपी ऑनलाइन बैटिंग साइट्स के जरिए मास्टर आईडी बनाकर सट्टा खिलाते थे और साथ ही पेमेंट गेट-वे पैनल भी संचालित कर रहे थे। हार-जीत की रकम के डिपॉजिट और विड्रॉल के लिए अलग-अलग व्हाट्सएप ग्रुप बनाए गए थे।
जांच में खुलासा हुआ कि गिरोह ने करीब 431 म्यूल बैंक खातों का इस्तेमाल किया। सट्टे से अर्जित रकम को क्रिप्टो करेंसी/यूएसडीटी के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय पैनल संचालकों तक पहुंचाया जाता था। अब तक की जांच में 46,500 यूएसडीटी (करीब 42 लाख रुपये) ट्रांसफर होने की पुष्टि हुई है।
दुबई कनेक्शन, गोवा में ऑफिस
गिरफ्तार मुख्य आरोपी प्रतीक कुमार वीधवानी और सैन्की देवड़ा हाल ही में दुबई से लौटे थे और रायपुर में गेट-वे ऑपरेशन संभाल रहे थे। पूछताछ के बाद पुलिस टीम ने गोवा में रेड की, जहां किराए के मकान में ऑफिस बनाकर गेट-वे पैनल चलाया जा रहा था। गोवा से 5 और रायपुर से 2 आरोपियों को पकड़ा गया है।
करोड़ों के ट्रांजैक्शन, भारी जब्ती
आरोपियों के कब्जे से 5 लैपटॉप, 1 टैब, 58 मोबाइल/आईफोन, 12 एटीएम कार्ड, 3 राउटर, 4 पासबुक, एक कार और नगद ₹24,600 जब्त किए गए हैं। कुल जब्ती की कीमत लगभग ₹22.14 लाख आंकी गई है। जांच में करोड़ों रुपये के लेन-देन की जानकारी भी सामने आई है। 53 मोबाइल फोन विभिन्न बैंक खातों से लिंक पाए गए हैं।






