
भारत में आर्थिक सुधारों के सूत्रधार माने जाने वाले पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का राज्यसभा का कार्यकाल बुधवार को समाप्त हो गया और इसी के साथ उनकी 33 साल लंबी संसदीय पारी का पटाक्षेप हो गया.
मृदुभाषी, विद्वान और विनम्र सिंह ने भारतीय राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई और आखिरी बार वह राजस्थान से राज्यसभा के सदस्य निर्वाचित हुए थे. दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश के 10 वर्षों तक प्रधानमंत्री रहे सिंह का बचपन संघर्ष में बीता. वर्ष 2004 से 2014 तक भारत के प्रधानमंत्री रहे सिंह छह बार राज्यसभा सदस्य रहे, हालांकि कभी निचले सदन में नहीं पहुंच सके.
मनमोहन सिंह ने केवल एक लोकसभा चुनाव 1999 में दक्षिण दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र से लड़ा और भाजपा के विजय कुमार मल्होत्रा से हार गए. उच्च सदन में सिंह का कार्यकाल (2019 में दो महीने के अंतराल को छोड़कर) निरंतर बना रहा. वे एक अक्तूबर, 1991 से 14 जून, 2019 तक लगातार पांच बार असम से राज्यसभा सदस्य रहे. वह 20 अगस्त, 2019 से राजस्थान से सदस्य थे और उनका कार्यकाल तीन अप्रैल, 2024 को समाप्त हो गया. सिंह 21 मार्च, 1998 से 21 मई, 2004 तक राज्यसभा में विपक्ष के नेता रहे. जब वह 2004 और 2014 के बीच प्रधानमंत्री रहे, तब वह उच्च सदन के नेता भी थे.
मोदी ने उनकी भूमिका की सराहना की हाल ही में राज्यसभा में सेवानिवृत्त सदस्यों की विदाई के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उच्च सदन के सदस्य के रूप में सिंह की भूमिका की सराहना की थी और कहा था कि उनके योगदान को कभी नहीं भुलाया जाएगा.
नवनिर्वाचित 12 सदस्यों ने शपथ ली
राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ ने बुधवार को उच्च सदन के 12 नवनिर्वाचित सदस्यों को शपथ दिलाई.
संसद भवन में इस शपथ ग्रहण समारोह में राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश और महासचिव पी के मोदी भी उपस्थित थे. शपथ लेने वालों में धर्मशिला गुप्ता, मनोज कुमार झा, संजय यादव, गोविंदभाई लालजीभाई ढोलकिया, सुभाष चंदर, हर्ष महाजन, जी सी चंद्रशेखर, एल मुरुगन, अशोक सिंह, चंद्रकांत हंडोरे, मेधा विश्राम कुलकर्णी और साधना सिंह हैं. राज्यसभा के 54 सदस्य दो व तीन अप्रैल को सेवानिवृत्त हो चुके हैं.
उपराष्ट्रपति ने की मुलाकात
उपराष्ट्रपति और राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ अपनी पत्नी के साथ मंगलवार को सिंह के आवास पर निजी तौर पर पहुंचे और कांग्रेस के दिग्गज नेता को संसद में उनकी लंबी पारी के लिए बधाई दी और अभिनंदन किया. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी सिंह से मुलाकात की और संसद में उनकी उपलब्धियों की सराहना की.






