कांग्रेस को पश्चिम बंगाल में भी गठबंधन की उम्मीद

कई दिन तक चली जोर-आजमाइश के बाद आखिरकार उत्तर प्रदेश में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी में गठबंधन तय हो गया. दोनों पार्टियां मिलकर लोकसभा चुनाव लड़ेंगी. यूपी में गठबंधन की तस्वीर साफ होने के बाद कांग्रेस को उम्मीद है कि पश्चिम बंगाल में भी इंडिया गठबंधन एकजुट होकर चुनाव में भाजपा का मुकाबला करेगा.

रणनीतिकार मानते हैं यूपी में दोनों पार्टियों के बीच सहमति बनने से इंडिया को मजबूती मिली है. क्योंकि, यूपी और बंगाल दो ऐसे राज्य थे, जहां कांग्रेस क्षेत्रीय पार्टी के साथ गठबंधन में नहीं थी. बिहार, तमिलनाडु़, झारखंड, केरल और महाराष्ट्र में पार्टी पहले से ही गठबंधन में है. इन पार्टियों के साथ सीट बंटवारे पर चर्चा अंतिम दौर में है.

तृणमूल के संपर्क में गठबंधन समिति

बंगाल कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि पार्टी की गठबंधन समिति लगातार तृणमूल कांग्रेस के साथ सपंर्क में हैं. तृणमूल कांग्रेस के साथ सीट की संख्या को लेकर झगड़े से इनकार करते हुए उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में अंतिम समय में गठबंधन हो जाएगा. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी दो-तीन ऑफर कर रही हैं, जबकि पार्टी छह सीट मांग रही है. पार्टी नेता ने कहा कि क्षेत्रीय पार्टियों की अपनी मजबूरियां भी होती हैं. तृणमूल के कई नेता जांच एजेंसियों के घेरे में हैं. ऐसे में जैसे-जैसे चुनाव का वक्त करीब आएगा और चुनाव का ऐलान होगा. तृणमूल कांग्रेस के साथ गठबंधन हो सकता है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी जानती है कि अकेले लड़ने से तृणमूल कांग्रेस को नुकसान उठाना पड़ सकता है.

इसलिए तृणमूल को तव्वजो

पार्टी नेता का कहना है कि तृणमूल और कांग्रेस गठबंधन में चुनाव लड़ते हैं, तो भाजपा विरोधी वोट का बंटवारा रुक सकता है. इसका फायदा दोनों पार्टियों को मिलेगा. यही वजह है कि कांग्रेस वामदलों के साथ गठबंधन में ज्यादा सीट पर चुनाव लड़ने के बजाय तृणमूल कांग्रेस के साथ कम सीट पर चुनाव लड़ने में अपना राजनीतिक लाभ देख रही है.

जमीनी स्तर पर संगठन नहीं

कांग्रेस मानती है कि पश्चिम बंगाल में अकेले चुनाव लड़ने के लिए जमीनी स्तर पर संगठन नहीं है. ऐसे में तृणमूल कांग्रेस के साथ गठबंधन एक बेहतर विकल्प है. क्योंकि, पार्टी ने वर्ष 2019 लोकसभा और 2021 विधानसभा चुनाव में जबरदस्त शिकस्त खाई थी. विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और लेफ्ट गठबंधन एक भी सीट जीतने में विफल साबित हुआ था.

aamaadmi.in अब whatsapp चैनल पर भी उपलब्ध है। आज ही फॉलो करें और पाएं महत्वपूर्ण खबरें

ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. aamaadmi.in पर विस्तार से पढ़ें aamaadmi patrika की और अन्य ताजा-तरीन खबरें

Related Articles

Back to top button