छत्तीसगढ़ के खेलो इंडिया सेंटर के लिए खेल संचालनालय और साई के मध्य हुआ एम.ओ.यू.

छत्तीसगढ़ के 24 खेलो इंडिया सेंटर के लिए आज खेल संचालनालय और साई के मध्य एम.ओ.यू. हुआ है. खेल संचालक श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा और भारतीय खेल प्राधिकरण के क्षेत्रीय निदेशक विष्णु सुधाकर ने आज एम.ओ.यू. पर हस्ताक्षर किए. संचालनालय खेल एवं युवा कल्याण विभाग के प्रस्ताव पर भारतीय खेल प्राधिकरण ने छत्तीगढ़ में 24 जिलों के विभिन्न खेलो के लिए 24 खेलो इंडिया सेंटर की स्वीकृति 3 चरणों में दी है.

     प्रथम चरण में नारायणपुर में मलखंभ, बीजापुर में तीरंदाजी, शिवतरई बिलासपुर में तीरंदाजी, गरियाबंद में वॉलीबाल, सरगुजा में फुटबॉल, जशपुर और राजनांदगांव में हॉकी सेंटर की स्वीकृति दी गई. जिसके लिए प्रत्येक सेंटर के लिए 7 लाख रुपए जारी किए गए थे. जिसका उपयोगिता प्रमाणपत्र साई को भेज दिया गया है. इन 7 सेंटर के लिए 3 लाख प्रति सेंटर साई द्वारा जारी किया जाना शेष है.

     द्वितीय चरण में 7 जिलें जिसमें बालोद में वेटलिफ्टिंग, बलौदाबाजार में फुटबॉल, पाटन दुर्ग में कबड्डी, रायपुर में वेटलिफ्टिंग, रायगढ़ में बैडमिंटन, सुकमा में फुटबाल और कांकेर में खो खो के सेंटर की स्वीकृति दी गई है. इसी प्रकार तृतीय चरण में 10 जिलें जिसमें बस्तर में हॉकी, धमतरी में कुश्ती, जांजगीर-चांपा में हॉकी, कोरबा और बलरामपुर में फुटबॉल, बेमेतरा में कबड्डी, दंतेवाड़ा में तीरंदाजी, महासमुंद में तीरंदाजी, मुंगेली और सूरजपुर में फुटबाल के खेलो इंडिया सेंटर की स्वीकृति मिली है. इन सभी जिलों में खिलाड़ियों का ऑनलाइन पंजीयन और प्रशिक्षकों की नियुक्ति खेलो इंडिया के गाइडलाइन के अनुसार पूर्ण कर ली गई है तथा खेलों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है. शीघ्र ही भारतीय खेल प्राधिकरण सभी खेलो इंडिया सेंटर के लिए राशि जारी करेगी.

शेष 9 जिलों में से 4 जिलों सारंगढ़ बिलाईगढ़, कोंडागांव, गौरेला पेंड्रा मरवाही और सक्ती के लिए खेल संचालनालय के द्वारा प्रस्ताव साई को भेज दिया गया है और शेष 5 जिलों का प्रस्ताव जल्द ही खेल संचालनालय द्वारा भेजा जाएगा. खेलो इंडिया सेंटर के लिए भारतीय खेल प्राधिकरण द्वारा वित्तीय सहायता दिया जाता है. यहां पर खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है.

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